मंगलवार, 17 अक्टूबर 2017

IDEP

आचार्य अनुराग  मो.9455907317 

अन्तर्राष्ट्रीय गरीबी उन्मुलन दिवस

  •  हर साल 17 अक्टुबर को अन्तर्राष्ट्रीय गरीबी उन्मुलन दिवस मनाया जाता है।
  •  इस वर्ष का विषय- आंसरिंग द कॉल ऑफ अक्टुबर 17 टु एण्ड पावर्टीः अ पाथ टुवर्ड पीसफुल एण्ड इंक्लूसिव सोसाइटी
  • उद्देश्य- विश्व समूदाय में गरीबी दूर करने के लिये किये जा रहे प्रयासों के संबंध में जागरूकता बढ़ाना है।

इसके बारे में जान ले - 

    • 22 दिसंबर 1992 को संयुक्त राष्ट्र संघ द्वारा प्रत्येक वर्ष 17 अक्टुबर को अन्तर्राष्ट्रीय गरीबी उन्मुलन दिवस मनाये जाने की घोषणा की गयी थी।
    • इस साल 25वां  आईडीईपी मनाया गया।
    • इस दिन  हर साल विभिन्न राष्ट्रों द्वारा गरीबी उन्मुलन के लिए प्रयास, विकास एवं विभिन्न कार्य संरचनाओं व योजनाओं को जारी किया जाता है।
    • यह दिवस सबसे पहले 1987 में फ्रांस में मनाया गया था। जिसमें लगभग एक लाख लोगों ने मानव अधिकारों के लिए प्रदर्शन किया था। यह आंदोलन जोसफ व्रेंसिकी द्वारा आरंभ किया गया।
    1. गरीबी की परिभाषा-  संयुक्त राष्ट्र  के अनुसार---- विकल्पों और मौकों का अभाव ही गरीबी है।

    भारत में -----------------

    1.  गरीबी की गणना वर्तमान में रंगराजन समिति की सिफारिशों से की जाती है।
    2. जून 2014 ने इस समिति ने गरीबी का नया पैमाना तैयार किया - ग्रामीण इलाकों के लिए प्रति व्यक्ति मासिक उपभोग खर्च- 972 रुपये तथा शहरी इलाकों के लिए प्रति व्यक्ति मासिक उपभोग खर्च -1407 रूपये। इसके अनुसार देश की 29.5% आबादी यानी 36.3% करोड़ लोग गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन को अभिशप्त है।
    3. गरीबी उन्मुलन के लिए सरकार द्वारा उठाये गये कदम- 70 के दशक में गरीबी हटाओ  का नारा बुलंद किया गया था।
    4. गरीबी उन्मुलन के लिए भारत में समय -समय पर --- जवाहर रोजगार योजना, इंदरा आवास योजना, मीलियन वेल स्कीम, स्वर्ण जयंती स्वरोजगार योजना, मनरेगा, ग्रामीण विकास योजना, स्किल इंडिया, आदर्श ग्राम योजना..................................
    5.     भारत में  गरीबी के मुख्य कारण----
    •  बढ़ती जनसंख्या
    • कमजोर कृषि
    • भ्रष्टाचार
    • रूढिवादी सोच
    • जातिवाद
    • अमीर गरीब में ऊंच -नीच
    • नौकरी की कमी
    • अशिक्षा
    • बीमारी...................
    भारत में गरीबी दर -1. केन्द्र सरकार ने 2012 में बताया कि भारत में 21.9% आबादी गरीबी रेखा के नीचे रहती है।
  • विश्व बैंक की 2011 रिपोर्ट-भारत की 23.6% जनसंख्या की प्रतिदिन क्रय शक्ति 1.25 डॉलर प्रतिदिन है।
  • 2016 की अन्तर्राष्ट्रीय भुखमरी सूचकांक में भारत को 97वां स्थान मिला      
अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर-संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने वीडियो भाषण दिया कि यूएन गरीबी से पूरी तरह छुटकारा पाने के उपाय को लगातार जारी रखेगा। उन्होंने अपील की कि वर्तमान में वर्ष 2030 सतत विकास कार्यसूची सबसे प्रभावी कदमों में एक है। 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

डब्ल्यूएचओ ने पहली आवश्यक डायग्नोस्टिक सूची

डब्ल्यूएचओ ने पहली आवश्यक डायग्नोस्टिक सूची  By Anurag  आम रोगों और प्राथमिकता वाले रोगों के निदान के लिए आवश्यक परीक्षणों की एक सूची ...