14वां भारत -यूरोपियन यूनियन सम्मेलन -2017
- इसका आयोजन - नई दिल्ली ( 06-10-17)यूरोपिनय यूनियन भारत का सबसे बड़ा व्यापार साझेदारसैन्य सहयोग पर सहमति जाहिर की गयी।

India
भारत -यूरोपियन यूनियन के बीच करार
- 1. अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर सौर ऊर्जा का विस्तार2. बेगलुरू मेट्रो के दूसरे चरण3. विज्ञान और शोध के क्षेत्र में निवेश
- सुरक्षा ,स्थिरता और परिवहन में सहयोग
- ब्लू इकोनमी को विकसित करने पर सहयोग
- समुद्र के सतत विकास पर जोर दिया
- 2001- विज्ञान और तकनीकी ,सूचना और प्रौद्योगिकी

EU - 2004- सीमा शुल्क
- 2006- रोजगार और सामाजिक मुद्दे
- 2008-सिविल एविएशन ,शिक्षा
- 2009-बहुभाषित,परमाणु उर्जा
- 2010- संस्कृति
- 2012- सांख्यिकी,शोध कार्य साझेदार हुए।
2016- आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में हुआ समझौता दोनों के लिए काफी अहम रहा ।
आतंकवादी/आतंकवादी संगठन की साझी कार्यवाही पर तैयार हुए- जो निम्न है-
- हाफिज सईद
- जाकिउर रहमान लखवी
- दाऊद इब्राहिम
- लश्कर-ए-तैयबा
- जैश-ए-मोहम्मद
- हरकर-उल-जिहाद
- हककानी नेटवर्क
- अल-कायदा
- आईएस
भारत -यूरोपियन यूनियन के संंबंध-
- 28 जून 2000 में भारत -यूरोपियन यूनियन का पहला सम्मेलन लिस्बन में हुआ।
- अब तक 14 सम्मेलन हो चूके है।
- 2004 में द हेग में हुए सम्मेलन से ही रणनीतिक भागीदारी की शुरूआत हुई।
- दोनों ने 2005 में साझे कार्य योजना को मंजूरी दी। साल 2008 में इसकी समीक्षा हुई। और राजनीतिक ,आर्थिक और सांस्कृतिक संबंध को नई दिशा देने पर सहमति भी बनी।
- मार्च 2016 में ब्रसल्स में 13वां सम्मेलन में भारत और यूरोेपियन यूनियन ने एजेंडा-20 को मंजूरी दी। इसमें परमाणु ,निवेश , ई-गवर्नेस, जलवायु परिवर्तन, 5जी पर सहयोग पर दोनों की सहमति बनी।
- इसी सम्मेलन में आतंकवाद पर प्रतिबद्धता जताई गई।
- लखनऊ मेट्रो के लिए यूरोपियन यूनियन ने काफी कर्ज दिया।
- 2015 में दोनों के बीच 10500 यूरो का व्यापार हुआ जिसमें वस्तुओं का व्यापार 7700 करोड़ यूरो तथा सेवा में व्यापार 2700 करोड़ यूरो का व्यापार शामिल है।
- 2015 में भारत ने यूरोपियन यूनियन को 3941 करोड़ यूरो निर्यात किया जबकि 3800 करोड़ का आयात किया।
- विदेशी निवेश के मामले में यूरोपियन यूनियन शीर्ष पर है। भारत में कुल विदेशी निवेश का 25.34% यूरोपियन यूनियन का है।
भारत -यूरोपियन यूनियन के संबंध-
- 2007-यूरोपियन संसद ने भारत के साथ संबंध मजबूत करने के लिए आधिकारिक तौर पर एक शिष्टमंडल का गठन किया गया
यूरोपियन यूनियन
- 1951 में पेरिस की संधि के बाद यूरोपीय कोयला और स्टील परिषद का गठन हुआ।
- 1958 में रोम की संधि के जरिए यूरोपीय आर्थिक परिषद(नीदरलैंड, जर्मनी, वेल्जियम, लक्जमबर्ग, फ्रांस,इटली इसके सदस्य थे।) का बना। लक्ष्य यह था कि आर्थिक मामलों में किसी भी तरह की तकरार को खत्म करते हुए सहयोग बढ़ाया जाये।
- 1993 में मास्त्रेहित संधि के जरिए यूरोपीयन यूनियन की नींव रखी गई। इसी साल मौदूजा यूरोपियन यूनियन का गठन किया गया।
- यूरोपियन यूनियन में संधि के जरिए लोकतंत्रिक दौर पर रजा मंदी के बाद ही कोई देश इसका सदस्य बना है। इसमें लोगों की नुमाइंदगी यूरोपीयन पार्लियामेंट करती है। जिसमें 751 सदस्य होते है। जबकि सदस्य देशों की नुमाइंदगी यूरोपियन काउंसिल में होती है।
- यूरोपियन यूनियन के वर्तमान अध्यक्ष- डॉनल्ड टस्क
- यूरोपीय आयोग के वर्तमान अध्यक्ष- जां क्लॉड युंकर
यूरोपियन यूनियन के साझे मुद्दे-
- कृषि, मीडिया, बजट
विदेश, नीति, सुरक्षा,
पर्यावरण, संस्कृति, विकास
आर्थिक, मौद्रिक मामले
शिक्षा, उर्जा, नागरिकता, स्वास्थ्य
- 2012 में यूरोपियन यूनियन को शांति का नोबेल पुरस्कार दिया गया।
यूरो की शुरूआत-
- 1 जनवरी 1999- साझी मुद्रा यूरो की शुरूआत हुई।
- शुरूआत- कैशलेस भुगतान और एकाउंटिग के लिए इसका इस्तेमाल होता था।
- पहली बार 1 जनवरी 2002 को नोट और सिक्के बाजार में आये।
- 28 में से 19 देशों की मुद्रा यूरो है।
- अमेरिका डॉलर के बाद दूसरी सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाली मुद्रा है।
यूरोपीय संघ के भारत से रिश्ते-
- भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार
साझा व्यापार 12.6अरब डॉलर से अधिक
भारत में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश 69 अरब डॉलर
मुक्त व्यापार समझौता(अड़चने)
- आईएसडीएस तंत्र
- टैरिफ में कमी
- बैद्धिक संपदा अधिकार
- निवेश संरक्षण
- सरकारी खरीद पर
- सीमा शुल्क व्यवस्था
- व्यापार सुविधा
- व्यापार, सामाजिक सहयोग
- अतंरिक्ष विज्ञान
- तकनीकी आदान-प्रदान
- पर्यटन, शैक्षणिक सहयोग
- सांस्कृतिक विकास
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